ट्रकों में ऊपर लोहा, नीचे छिपा था नशे का काला कारोबार; आंध्र प्रदेश से महाराष्ट्र जा रही थी खेप, 4 आरोपी हिरासत में
रायपुर। राजधानी रायपुर में नशे की तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई में DRI की टीम ने करीब 700 किलो गांजा बरामद किया है। जब्त गांजे की अनुमानित कीमत 1 करोड़ रुपये से अधिक बताई जा रही है। तस्करों ने जांच एजेंसियों की आंखों में धूल झोंकने के लिए गांजे को दो ट्रकों में लोहे के सामान के नीचे बेहद शातिराना तरीके से छिपाया था।
मुखबिर की सूचना पर बिछाया जाल
जानकारी के मुताबिक, DRI को मुखबिर से सूचना मिली थी कि दो ट्रकों के जरिए बड़ी मात्रा में गांजे की खेप दूसरे राज्य ले जाई जा रही है। सूचना मिलते ही टीम ने पुराने धमतरी रोड पर निगरानी बढ़ा दी।
इसी दौरान आंध्र प्रदेश पासिंग के दो संदिग्ध ट्रक वहां से गुजरते दिखाई दिए। टीम ने दोनों वाहनों को रोककर तलाशी ली तो पहली नजर में ट्रकों में लोहा भरा हुआ नजर आया, लेकिन गहन जांच के दौरान लोहे के नीचे छिपाकर रखा गया गांजा बरामद हुआ।
ऊपर लोहा... नीचे नशे का करोड़ों का खेल!
तस्करी का तरीका देखकर जांच एजेंसी भी सतर्क हो गई। तस्करों ने ट्रकों के ऊपरी हिस्से में लोहे का सामान रखा था और उसके बीच गांजे की बड़ी खेप छिपाई गई थी। बाहर से दोनों ट्रक सामान्य मालवाहक वाहन दिखाई दे रहे थे, जिससे आसानी से शक न हो।
आंध्र प्रदेश से महाराष्ट्र पहुंचाई जा रही थी खेप
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि गांजा आंध्र प्रदेश से लाकर महाराष्ट्र ले जाया जा रहा था। DRI अब यह पता लगाने में जुटी है कि गांजे की यह खेप आंध्र प्रदेश में कहां से लाई गई और महाराष्ट्र में इसकी सप्लाई किसे की जानी थी।
चार आरोपी हिरासत में, बड़े नेटवर्क की आशंका
DRI ने दोनों ट्रकों को जब्त कर लिया है और मामले में चार आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। जांच एजेंसी को आशंका है कि इतनी बड़ी मात्रा में गांजे की तस्करी के पीछे एक बड़ा नेटवर्क सक्रिय हो सकता है।
फिलहाल DRI की जांच जारी है और पूछताछ के बाद इस मामले में तस्करी से जुड़े अन्य लोगों के नाम सामने आने की संभावना है।
